संक्षिप्त उत्तर: ट्रेडमार्क और कॉपीराइट
ट्रेडमार्क, ट्रेड मार्क्स अधिनियम, 1999 के तहत ट्रेड मार्क्स रजिस्ट्री में फ़ॉर्म TM-A दाख़िल कर पंजीकृत होता है। ऑनलाइन दाख़िल करने पर व्यक्तियों, स्टार्टअप और छोटे उद्यमों की सरकारी फ़ीस प्रति क्लास ₹4,500 और अन्य के लिए ₹9,000 है। जाँच और ट्रेड मार्क्स जर्नल में विज्ञापन के बाद चार महीने तक विरोध (ऑपोज़िशन) किया जा सकता है, और पंजीकरण 10 साल के लिए होता है जिसे बार-बार नवीनीकृत किया जा सकता है। कॉपीराइट मौलिक कृति बनते ही अपने-आप मिल जाता है; कॉपीराइट अधिनियम, 1957 के तहत पंजीकरण प्रथम दृष्टया सबूत होता है। कॉल करें: +91-8800669834।
लेखन व समीक्षा: एडवोकेट मृदुल जिंदल, बार काउंसिल ऑफ़ दिल्ली में नामांकित (2021) · अंतिम अपडेट 1 Nov 2026
मुख्य तथ्य
- ट्रेडमार्क आवेदन: फ़ॉर्म TM-A; फ़ीस ₹4,500 (व्यक्ति, स्टार्टअप, छोटा उद्यम, ई-फ़ाइलिंग) या ₹9,000 प्रति क्लास
- विरोध अवधि: ट्रेड मार्क्स जर्नल में विज्ञापन से 4 महीने
- ट्रेडमार्क की वैधता: 10 साल, नवीनीकरण योग्य
- कॉपीराइट: रचना पर अपने-आप; पंजीकरण प्रथम दृष्टया सबूत (धारा 48)
- उल्लंघन के मुक़दमे: वाणिज्यिक विवाद; बड़े मामलों में दिल्ली हाई कोर्ट का IP डिवीज़न
ट्रेडमार्क पंजीकरण की प्रक्रिया
1. सर्च: अपनी क्लास में मिलते-जुलते मार्क ट्रेड मार्क्स रजिस्ट्री के डेटाबेस में जाँचें।
2. फ़ॉर्म TM-A: मार्क, आवेदक, क्लास, सामान या सेवाओं का विवरण और पहले उपयोग की तारीख़ के साथ।
3. जाँच: रजिस्ट्री जाँच रिपोर्ट जारी करती है; जवाब आम तौर पर एक महीने में देना होता है, सुनवाई भी हो सकती है।
4. विज्ञापन और विरोध: स्वीकार होने पर मार्क ट्रेड मार्क्स जर्नल में छपता है और चार महीने में कोई भी विरोध कर सकता है।
5. पंजीकरण: विरोध न हो या ख़ारिज हो तो प्रमाणपत्र मिलता है; हर 10 साल में नवीनीकरण।
उल्लंघन और कार्रवाई
सीज़ एंड डेसिस्ट नोटिस अक्सर नक़ल रोकने का सबसे तेज़ तरीक़ा है।
ऑनलाइन टेकडाउन: मार्केटप्लेस और सोशल मीडिया पर नक़ली लिस्टिंग और पायरेटेड कंटेंट के लिए नोटिस।
मुक़दमा और निषेधाज्ञा: मालिक जहाँ रहता या व्यवसाय करता है, वहाँ मुक़दमा दाख़िल हो सकता है (ट्रेड मार्क्स अधिनियम धारा 134; कॉपीराइट अधिनियम धारा 62)। अदालत अंतरिम निषेधाज्ञा, लोकल कमिश्नर और हर्जाना दे सकती है।
पासिंग ऑफ़: अपंजीकृत मार्क की भी साख हो तो उसकी रक्षा पासिंग ऑफ़ के तहत की जा सकती है।
यह पेज केवल सामान्य जानकारी देता है; यह कानूनी सलाह, विज्ञापन या काम का आग्रह नहीं है। अस्वीकरण देखें।
सबसे अच्छा ट्रेडमार्क वकील कैसे चुनें?
सबसे अच्छा वकील वही है जो आपके मामले के लिए उपयुक्त हो। देखें कि वकील किसी राज्य बार काउंसिल में नामांकित है (एडवोकेट मृदुल जिंदल: बार काउंसिल ऑफ़ दिल्ली, D/3547/2021), स्टार्टअप और व्यवसायों के ट्रेडमार्क, कॉपीराइट और उल्लंघन के मामलों में नियमित रूप से काम करता है, बिना नतीजे की गारंटी दिए क़दम, समय और खर्च साफ़ समझाता है, और तारीख़ों की जानकारी देता रहता है।
अपने ब्रांड और कंटेंट की रक्षा करें
ट्रेडमार्क आवेदन, आपत्ति, विरोध, कॉपीराइट पंजीकरण और उल्लंघन रोकने में मदद लें।
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अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
ऑनलाइन दाख़िल करने पर व्यक्तियों, स्टार्टअप और छोटे उद्यमों के लिए प्रति क्लास ₹4,500 और अन्य के लिए ₹9,000।
आवेदन की तारीख़ से 10 साल, और हर 10 साल में नवीनीकरण किया जा सकता है।
नहीं। कॉपीराइट रचना बनते ही मिल जाता है, पर पंजीकरण विवाद में प्रथम दृष्टया सबूत देता है।
सीज़ एंड डेसिस्ट नोटिस भेजें, प्लेटफ़ॉर्म पर टेकडाउन करें, उसके ट्रेडमार्क आवेदन का विरोध करें और उल्लंघन या पासिंग ऑफ़ का मुक़दमा दाख़िल करें।
ब्रांड या कंटेंट कॉपी हो रहा है?
जल्दी पंजीकरण करें और उल्लंघन पर तुरंत कार्रवाई करें।
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