संक्षिप्त उत्तर: दिल्ली में वकील
एडवोकेट मृदुल जिंदल (लॉ चैंबर्स ऑफ़ मृदुल जिंदल) 2021 से बार काउंसिल ऑफ़ दिल्ली में नामांकित हैं और सुप्रीम कोर्ट, दिल्ली हाई कोर्ट तथा कड़कड़डूमा, तीस हज़ारी और साकेत की ज़िला अदालतों में पेश होते हैं। वे आपराधिक और ज़मानत के मामले, तलाक़ व पारिवारिक केस, प्रॉपर्टी विवाद, चेक बाउंस, उपभोक्ता और DRT केस देखते हैं। चैंबर इंदिरापुरम, गाजियाबाद में है, पूर्वी दिल्ली के पास, और सोमवार से रविवार सुबह 10 से रात 8 बजे तक अपॉइंटमेंट पर खुला रहता है। कॉल करें: +91-8800669834।
लेखन व समीक्षा: एडवोकेट मृदुल जिंदल, बार काउंसिल ऑफ़ दिल्ली में नामांकित (2021) · अंतिम अपडेट 2 Nov 2026
मुख्य तथ्य
- दिल्ली की अदालतें: सुप्रीम कोर्ट, दिल्ली हाई कोर्ट, कड़कड़डूमा, तीस हज़ारी और साकेत ज़िला अदालतें, DRT/DRAT और उपभोक्ता आयोग
- नामांकन: बार काउंसिल ऑफ़ दिल्ली, D/3547/2021
- चैंबर: प्लॉट नं. 591, लेन नं. 17, नीति खंड-2, इंदिरापुरम, गाजियाबाद, उ.प्र. 201014
- समय: सुबह 10 से रात 8 बजे, सोमवार से रविवार (राष्ट्रीय व सरकारी छुट्टियों पर बंद), अपॉइंटमेंट पर
- फ़ोन और WhatsApp: +91-8800669834
दिल्ली की अदालतों के लिए वकील
लॉ चैंबर्स ऑफ़ मृदुल जिंदल पूरी दिल्ली के मामले लेता है। एडवोकेट मृदुल जिंदल जिंदल ग्लोबल लॉ स्कूल से पढ़े हैं, 2021 से बार काउंसिल ऑफ़ दिल्ली में नामांकित हैं और सुप्रीम कोर्ट बार एसोसिएशन व सेंट्रल दिल्ली कोर्ट बार एसोसिएशन के सदस्य हैं। वे सुप्रीम कोर्ट, दिल्ली हाई कोर्ट और दिल्ली की ज़िला अदालतों के साथ-साथ गाजियाबाद और नोएडा की अदालतों में भी पेश होते हैं, इसलिए दिल्ली-NCR में फैले विवाद को एक ही वकील संभाल सकता है।
चैंबर इंदिरापुरम में है, जो पूर्वी दिल्ली, कड़कड़डूमा और आनंद विहार से कुछ ही दूरी पर है। दिल्ली के क्लाइंट आमतौर पर पहले फ़ोन या WhatsApp पर अपनी समस्या बताते हैं, फिर काग़ज़ लेकर चैंबर पर मिलते हैं। ज़मानत, अग्रिम ज़मानत या स्टे जैसे ज़रूरी मामलों को प्राथमिकता दी जाती है।
दिल्ली में क़ानूनी सेवाएँ
- दिल्ली में क्रिमिनल वकील
- दिल्ली में ज़मानत वकील
- FIR रद्द कराना (धारा 528 BNSS)
- 498A / दहेज केस
- NDPS केस
- दिल्ली में तलाक़ वकील
- दिल्ली में कोर्ट मैरिज
- दिल्ली में चेक बाउंस वकील
- DRT / SARFAESI (बैंक नोटिस)
- मानहानि केस
- पैरोल और फ़र्लो
- दिल्ली कोर्ट केस स्टेटस
- सुप्रीम कोर्ट वकील
सभी अंग्रेज़ी पेजों की सूची Best Lawyer in Delhi पेज पर है।
दिल्ली का केस किस अदालत में जाएगा?
दिल्ली की ज़िला अदालतें सात कोर्ट परिसरों में बैठती हैं: तीस हज़ारी, कड़कड़डूमा, पटियाला हाउस, साकेत, रोहिणी, द्वारका और राउज़ एवेन्यू। आपराधिक केस आमतौर पर उस अदालत में जाता है जिसके क्षेत्र में FIR वाला थाना आता है। दीवानी केस वहाँ दायर होता है जहाँ प्रॉपर्टी है, जहाँ दूसरा पक्ष रहता है या जहाँ विवाद हुआ। उदाहरण के लिए, पूर्वी और उत्तर-पूर्वी दिल्ली व शाहदरा के केस कड़कड़डूमा में और दक्षिणी दिल्ली के केस साकेत में सुने जाते हैं।
2 करोड़ रुपये से ज़्यादा मूल्य के दीवानी मुक़दमे सीधे दिल्ली हाई कोर्ट में दायर होते हैं। रिट याचिका, ज़मानत और ज़िला अदालत के आदेशों के ख़िलाफ़ अपील भी हाई कोर्ट जाती हैं, और हाई कोर्ट के फ़ैसले के ख़िलाफ़ सुप्रीम कोर्ट।
पहली मुलाक़ात से पहले
समय तय करने के लिए +91-8800669834 पर कॉल या WhatsApp करें। FIR, नोटिस, समन या कोर्ट के आदेश की कॉपी, विवाद से जुड़े एग्रीमेंट, रसीदें या मैसेज, पहले से चल रहे केस के आदेश और अपना पहचान पत्र साथ लाएँ।
यह पेज दिल्ली में क़ानूनी सेवाओं की सामान्य जानकारी देता है, यह क़ानूनी सलाह नहीं है। हर केस अपने तथ्यों पर निर्भर करता है, इसलिए कोई क़दम उठाने से पहले वकील से बात करें।
आधिकारिक स्रोत: eCourts सेवाएँ पोर्टल · दिल्ली हाई कोर्ट · दिल्ली ज़िला अदालतें
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
हाँ। एडवोकेट मृदुल जिंदल बार काउंसिल ऑफ़ दिल्ली (D/3547/2021) में नामांकित हैं और सुप्रीम कोर्ट, दिल्ली हाई कोर्ट और कड़कड़डूमा, तीस हज़ारी व साकेत सहित दिल्ली की ज़िला अदालतों में पेश होते हैं।
चैंबर प्लॉट नं. 591, लेन नं. 17, नीति खंड-2, इंदिरापुरम, गाजियाबाद में है, पूर्वी दिल्ली के पास। दिल्ली के क्लाइंट पहले +91-8800669834 पर कॉल या WhatsApp कर सकते हैं और काग़ज़ दिखाने के लिए अपॉइंटमेंट पर चैंबर आ सकते हैं।
आपराधिक केस आमतौर पर उस अदालत में जाता है जिसके क्षेत्र में FIR वाला थाना है। दीवानी केस वहाँ जाता है जहाँ प्रॉपर्टी है, दूसरा पक्ष रहता है या विवाद हुआ। 2 करोड़ रुपये से ज़्यादा के दीवानी मुक़दमे सीधे दिल्ली हाई कोर्ट में दायर होते हैं।
हाँ। केस कहाँ चलेगा यह आपके रहने की जगह से नहीं, अदालत के क्षेत्राधिकार से तय होता है। गाजियाबाद और नोएडा के कई क्लाइंट के केस दिल्ली में चलते हैं, और चैंबर दिल्ली, गाजियाबाद और नोएडा तीनों जगह के केस देखता है।
चैंबर सोमवार से रविवार सुबह 10 से रात 8 बजे तक खुला रहता है और राष्ट्रीय व सरकारी छुट्टियों पर बंद रहता है। सलाह अपॉइंटमेंट पर होती है।
दिल्ली में वकील चाहिए?
अपने मामले पर बात करने के लिए कॉल या WhatsApp करें, या अपॉइंटमेंट लेकर इंदिरापुरम चैंबर पर मिलें।
Disclaimer
The Bar Council of India does not permit advocates to advertise or solicit work. By clicking “I Agree”, you acknowledge that:
- you are seeking information about Law Chambers of Mridul Jindal of your own accord, and there has been no advertisement, solicitation or inducement of any kind;
- the content of this website is for general information only and is not legal advice;
- using this website, or contacting us through it, does not by itself create an advocate–client relationship.
